संस्कार, सामर्थ्य, सदाचार और सेवा मातृत्व निर्माण के स्तंभ: विश्वमांगल्य सभा


भिलाई। विश्वमांगल्य सभा का जिला स्तरीय कार्यक्रम भिलाई में आयोजित हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत भाविशा साहू की गणेश वंदना और अनिता वर्मा ग्रुप द्वारा छत्तीसगढ़ी पारंपरिक सुवा नृत्य से हुई।

आयोजन का उद्देश्य संगठन के उद्देश्य से महिलाओं को परिचित कराना था। मुख्य अतिथि के रूप में ब्रह्माकुमारी आशा दीदी, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सूरज डामोर, राष्ट्रीय संपर्क प्रमुख पूजा पाठक और रजनी विजय बघेल उपस्थित रहीं।

राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सूरज डामोर ने संगठन की स्थापना और कार्य का भारतव्यापी स्वरूप रखा और भिलाई की मातृशक्ति से जुड़ने का आह्वान किया। मुख्य वक्ता पूजा पाठक ने “युगानुकूल मातृत्व” विषय पर कहा कि संस्कार, सामर्थ्य, सदाचार और सेवा ही मातृत्व निर्माण के चार स्तंभ हैं। संस्कारों से परिपूर्ण सामर्थ्यशाली माता का हर घर में निर्माण होगा तो समाज और राष्ट्र निर्माण स्वतः होगा।

भिलाई नगर कार्यसमिति का गठन
अध्यक्ष डॉ. सविता देशमुख, उपाध्यक्ष उपासना साहू एवं ललिता सिंह, सचिव नीता चौरसिया, सह सचिव सिद्धि मिश्रा और डॉ. करुणा कश्यप, सदस्य मनीषा नंदनवार, सीमा तिवारी मनोनीत की गईं।

कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ प्रांत संयोजिका प्रतीक्षा बाबर, सह संयोजिका नीरजा भोसले, दुर्ग महापौर अलका बाघमार, पद्मश्री उषा बारले सहित बड़ी संख्या में महिलाएं उपस्थित रहीं। मंच संचालन माया बनर्जी ने किया।